झनझनपुर (महराजगंज)सिंदुरिया थाना क्षेत्र के कसमरिया गांव में बुधवार दोपहर लगभग एक बजे खेत में रखी धान की पराली के बंडलों में अचानक आग लग गई। शुरुआत में धुआं उठता देख ग्रामीणों को कुछ समझ नहीं आया, लेकिन कुछ ही मिनटों में तेज लपटों ने विकराल रूप धारण कर लिया। खेत में एकत्र करीब 60 ट्रक पराली देखते ही देखते आग की चपेट में आ गई और चारों ओर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।धुएं का घना गुबार कई किलोमीटर दूर से दिखाई देने लगा। आसपास के ग्रामीण बाल्टियों और पाइप के सहारे आग बुझाने में जुट गए, साथ ही तत्काल अग्निशमन विभाग और पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू किया। घटना स्थल के पास स्थित तालाब से पानी की आपूर्ति सुनिश्चित कर आग बुझाने का अभियान चलाया गया। आग इतनी भीषण थी कि पराली के ऊंचे-ऊंचे ढेर धधकते रहे और लपटें दूर तक उठती रहीं। दमकल कर्मियों को आग पर नियंत्रण पाने में भारी मशक्कत करनी पड़ी। करीब पांच घंटे तक लगातार प्रयास के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया जा सका, हालांकि तब तक पूरी पराली जलकर राख हो चुकी थी। अग्निशमन अधिकारी वीरसेन सिंह के नेतृत्व में पहुंची टीम ने सुनियोजित ढंग से आग को फैलने से रोका। आग बुझाने में अग्निशमन कर्मियों ने सक्रिय भूमिका निभाई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार यदि समय रहते दमकल विभाग नहीं पहुंचता तो आग आसपास के खेतों तक फैल सकती थी, जिससे और भी बड़ा नुकसान हो सकता था। घटना में पीड़ित को भारी आर्थिक क्षति हुई है। खेत में रखी पराली पूरी तरह नष्ट हो जाने से लाखों रुपये का नुकसान बताया जा रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित को उचित सहायता प्रदान करने की मांग की है। अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि आग को पूरी तरह बुझा दिया गया है और अब किसी प्रकार का खतरा नहीं है। प्राथमिक जांच में आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।
झनझनपुर संवाददाता – रंजीत शर्मा की रिपोर्ट
Star Public News Online Latest News